(फोटो: द क्‍व‍िंट) 
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कलिखो पुल के सुसाइड नोट में दावा, लॉ अफसरों ने ली 64 करोड़ की घूस

अरुणाचल प्रदेश के पूर्व सीएम कलिखो पुल ने अपने सुसाइड नोट में 4 बड़े लॉ अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं. इनमें से दो अधिकारी रिटायर हो चुके हैं, जबकि दो अभी सेवा में हैं. सुसाइड नोट के मुताबिक, अरुणाचल प्रदेश में चल रहे वित्तीय गड़बड़ी के मामलों में फैसले को बदलने के एवज में इन अधिकारियों ने 64 करोड़ रुपये की घूस ली थी.

आपको बता दें कि कलिखो पुल के सनसनीखेज सुसाइड नोट की एक पूरी कॉपी द क्विंट के पास है, जिसमें कई बड़े खुलासे किए गए हैं. सुसाइड नोट के मुताबिक, राज्य में राष्ट्रपति शासन को लेकर कलिखो पुल और उनके सहयोगियों से संपर्क किया गया और फैसला पुल के पक्ष में रखने के लिए करोड़ों की घूस मांगी गई थी.

पुल ने अपने सुसाइड नोट में एक टॉप लॉ ऑफिशियल के वकील बेटे और एक लॉ ऑफिशियल के भाई का भी जिक्र किया है.

द क्विंट को सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, दिल्ली में रहने वाले एक वकील और एक टॉप लॉ ऑफिशियल के वकील बेटे के बीच पैसों के लेन-देन का पता चला था. पिछले साल दिल्ली के इसी वकील ने 125 करोड़ रुपये का इनकम टैक्स रिटर्न भी फाइल किया था.

फोन टेपिंग में हुआ अहम खुलासा

दिल्ली के इस वकील का फोन केंद्रीय जांच एजेंसी ने सर्विलांस पर लगाया, जिससे ऑफिशियल के बेटे और उसके बीच चल रही बातचीत के बारे में पता चल पाया. दिल्ली के इस वकील को नोटबंदी के बाद दिसंबर 2016 में मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में गिरफ्तार भी किया गया था. साथ ही उसके घर से बड़ी रकम बरामद की गई थी, जो चलन से बाहर किए गए 500 और 1000 के नोट के रूप में थी. इस मामले में ऑफिशियल के बेटे का नाम भी सामने आया था.

सुसाइड नोट में एक दूसरे जाने-माने लीगल ऑफिशियल के भाई का नाम भी है, जिसने कथित तौर पर पुल के दो सहयोगियों से मुलाकात की थी और 37 करोड़ घूस मांगी थी. विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक, ये मुलाकात दिल्ली के एक पांच सितारा होटल में की गई. होटल से निकलने से पहले पुल के सहयोगियों से उस टॉप ऑफिशियल ने भी बात की थी. सौदा करने को भी कहा था, लेकिन पूर्व मुख्यमंत्री कलिखो पुल के इनकार के बाद ये सौदा नहीं हो सका. द क्विंट ने पुल के सहयोगियों में से एक से बात की है, जिसमें ये मुलाकात की खबर पुख्ता साबित हुई.

कलिखो पुल से भी किया गया संपर्क

अरुणाचल प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगने के 8 महीने बाद ही पुल ने आत्महत्या कर ली थी. ईटानगर के अपने घर में उन्होंने फांसी लगा ली थी.

अपनी ही पार्टी के बड़े नेताओं और दूसरे अधिकारियों की घूस की मांग और राजनीति में मात खाने से परेशान कलिखो ने जिंदगी खत्म करने का फैसला लिया था.

आत्महत्या करने से पहले पुल ने 60 पेज का सुसाइड नोट लिखा. ये सुसाइड नोट हिंदी में टाइप किया गया है और इसके हर पेज पर पुल के दस्तखत हैं. इसके जरिये उन्होंने भ्रष्ट नेताओं और देश के लीगल सर्किल के कुछ लोगों के कथित करप्शन को सामने लाने की कोशिश की है.

पीडीएस घोटाले में 36 करोड़ की घूस दी गई !

पुल ने सुसाइड नोट में लिखा है:

अरुणाचल प्रदेश में हुए पीडीएस घोटाले केस को राज्य सरकार ने गलत बताया, एफसीआई ने गलत बताया और केंद्र सरकार ने भी गलत बताया, फिर भी सुप्रीम कोर्ट ने आरोपियों को खुला छोड़कर उनका पूरा भुगतान करने के आदेश दिया, जिससे राज्य का विकास कोष खाली हो गया. 

पुल ने आगे लिखा : “ Xxxxx Xxxxxxx Xxxxxxx Xxxxx ने 36 करोड़ रुपये की घूस लेकर गलत फैसला दिया था. ये समझौता उन्होंने अपने बेटे के जरिए किया था, जबकि वो फैसला गलत था. पूर्व मुख्यमंत्री ने लिखा, ‘’अरुणाचल में हुए पीडीएस घोटाले में फैसला कॉन्ट्रेक्टरों के हित में दिया गया था, जबकि केंद्र सरकार और एफसीआई ने भी इस फैसले को गलत ठहराया था.''

28 करोड़ रुपये की घूस का मामला

अरुणाचल प्रदेश के कुछ भ्रष्ट मंत्रियों और नेताओं के भ्रष्टाचार को सामने लाने की आखिरी कोशिश में पुल ने लिखा है, ''गुवाहाटी हाईकोर्ट ने Xxxx (वरिष्ठ मंत्री) के खिलाफ की गई सुनवाई में Xxxx को दोषी ठहराते हुए सीबीआई की जांच के आदेश दिए थे, लेकिन उसी केस में Xxxxxxx X X Xxxxx ने 28 करोड़ रुपये की घूस देकर स्टे लिया और आज भी खुलेआम घूम रहे हैं.

सबूतों का जिक्र

पुल ने अपने सुसाइड नोट में कुछ ठोस सबूतों का भी जिक्र किया है. सुसाइड नोट में ये दावा किया गया कि ये सारे सबूत सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट के रिकॉर्ड में भी हैं.

पुल ने लिखा:

फूड एंड सिविल सप्लाई के डायरेक्टर X X Xxxx के बैंक खाते से Xxxx के खाते में 30 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए. इस बात को गुवाहाटी हाईकोर्ट ने भी माना है. इसका रिकॉर्ड हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट के पास भी है.

'दोस्तों, मैंने जो लिखा है सच लिखा है'

सुसाइड नोट के पेज नंबर 41 पर पुल ने लिखा है:

दोस्तों, मैंने इन पन्नों में जो भी लिखा है, वो 100 प्रतिशत सही है. ये बातें मैंने खुद की आत्मा से कही हैं. मैंने कोई भी बात बढ़ा-चढ़ाकर नहीं लिखी, न ही मिर्च-मसाला लगाया है. साथ ही मैंने तथ्यों से भी कोई छेड़खानी नहीं की है.

(अरुणाचल प्रदेश के पूर्व सीएम कलिखो पुल के सुसाइड नोट को लेकर द क्‍व‍िंट ने सनसनीखेज खुलासा किया है. इस खुलासे की यह दूसरी और आखिरी किस्‍त है. इसका पहला भाग पढ़ने के लिए यहां क्‍ल‍िक करें.)