पिता पाकिस्तानी, मां हिंदुस्तानी, आतिश तासीर की ‘नागरिकता’ खत्म

पिता पाकिस्तानी, मां हिंदुस्तानी, आतिश तासीर की ‘नागरिकता’ खत्म

भारत

वीडियो एडिटर: विशाल कुमार

भारत सरकार की तरफ से लेखक और पत्रकार आतिश अली तासीर का ओवरसीज सिटीजनशिप ऑफ इंडिया (ओसीआई) कार्ड रद्द कर दिया गया है. उन्होंने खुद इस बात की जानकारी दी है. जिसके बाद अब विवाद पैदा हो चुका है. बता दें कि आतिश वही पत्रकार हैं, जिन्होंने अमेरिकन न्यूज मैगजीन टाइम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लेकर एक हेडलाइन दी थी. जिसमें पीएम मोदी को ‘डिवाइडर इन चीफ’ बताया गया था.

Loading...

आतिश के ओसीआई कार्ड रद्द किए जाने पर गृह मंत्रालय की तरफ से भी जवाब आया है. गृह मंत्रालय ने बताया है कि पत्रकार आतिश अली तासीर ने सरकार से ये जानकारी छिपाई थी कि उनके पिता पाकिस्तानी मूल के थे. बताया गया कि भारत सरकार किसी ऐसे व्यक्ति को ओसीआई कार्ड जारी नहीं करता है जिसके माता-पिता पाकिस्तानी हों.

आतिश पीएम मोदी को लेकर एक सेंसेशनल आर्टिकल लिखने के बाद चर्चा में आए थे. इस आर्टिकल की हेडलाइन पर काफी विवाद हुआ था. जिसमें पीएम मोदी को महाविभाजनकारी बताया था. अब उनके ओसीआई कार्ड रद्द किए जाने और आर्टिकल को जोड़कर देखा जा रहा है.

इस मामले को पीएम मोदी पर लिखे आर्टिकल के साथ जोड़े जाने पर गृह मंत्रालय की तरफ से सफाई दी गई है. गृह मंत्रालय ने कहा है कि ऐसी सभी खबरें सरासर गलत हैं और तथ्य विहीन हैं.

ये भी पढ़ें : मोदी को ‘डिवाइडर इन चीफ’ बताने वाले को कबीर बेदी ने कहा पाकिस्तानी

जवाब देने के लिए 24 घंटे का वक्त

पहले कहा जा रहा था कि आतिश तासीर को गृह मंत्रालय की तरफ से जवाब देने के लिए 21 दिन का समय दिया गया है. लेकिन बाद में खुद आतिश ने ट्विटर पर बताया कि उन्हें सिर्फ 24 घंटे का वक्त दिया गया है. उन्होंने ट्वीट किया,

"यह झूठ है, यह मेरे जवाब देने को लेकर काउंसिल जनरल का रिप्लाई है. मुझे जवाब देने के लिए 21 दिन नहीं बल्कि 24 घंटे दिए गए हैं. मैंने मंत्रालय की तरफ से इसके अलावा कुछ नहीं सुना है."

OIC कार्ड भारतीय मूल के विदेशी लोगों को दिया जाता है. जो उन लोगों को भारत में आने, रहने और काम करने का अधिकार देता है. लेकिन उन्हें वोट देने का अधिकार नहीं होता है.

जयराम रमेश ने अमित शाह को बताया तानाशाह

कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने भी आतिश तासीर के ओसीआई कार्ड रद्द करने को गलत बताया. उन्होंने ट्विटर पर लिखा,

“तवलीन सिंह ने अपने कॉलम के जरिए कई बार मुझ पर हमले किए हैं. लेकिन मैं गृह मंत्रालय के उस फैसले की निंदा करता हूं, जिसमें उनके बेटे आतिश तासीर का ओसीआई रद्द कर दिया गया है. इसका अंदाजा पहले से था. सभी आलोचनात्मक आवाजों की या तो जासूसी हो रही है या उन्हें परेशान किया जा रहा है. क्योंकि तानाशाही का दूसरा नाम अमित शाह है.”

ये भी पढ़ें : अमेरिकन मैगजीन TIME ने PM मोदी को बताया ‘डिवाइडर इन चीफ’

थरूर बोले- क्या एक पत्रकार से डर गई सरकार?

कांग्रेस नेता शशि थरूर ने भी आतिश को जवाब देने के लिए वक्त दिए जाने पर फैली अफवाह पर ट्वीट किया. उन्होंने ट्विटर पर लिखा,

यह काफी दुखद है कि हमारी सरकार के एक आधिकारिक प्रवक्ता गलत दावा करते हैं, जिसे आसानी से झूठा ठहराया जा सकता है. यह और भी दुखद है कि हमारे लोकतंत्र में ये सब चीजें होती हैं. क्या हमारी सरकार इतनी कमजोर है कि वो एक पत्रकार से डरने लगी है?

(हैलो दोस्तों! WhatsApp पर हमारी न्यूज सर्विस जारी रहेगी. तब तक, आप हमारे Telegram चैनल से जुड़े रहिए यहां)

Follow our भारत section for more stories.

भारत

वीडियो

Loading...