Pfizer वैक्सीन के उम्मीद से ज्यादा नतीजे, भारत के लिए क्या है खास?

पॉडकास्ट में जानिए की भारत की कोवैक्सीन, फाइजर की वैक्सीन से किस तरह अलग है?

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पॉडकास्ट
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पॉडकास्ट में जानिए की भारत की कोवैक्सीन, फाइजर की वैक्सीन से किस तरह अलग है?
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रिपोर्ट: फबेहा सय्यद
असिस्टेंट एडिटर: मुकेश बौड़ाई
म्यूजिक: बिग बैंग फज

कोरोना वायरस महामारी से हर तरह की तबाही के बाद अब दुनियाभर के लोग 2021 में इस बीमारी से छुटकारा पाना चाहते हैं. उम्मीद भी यही है कि नए साल में इस बीमारी का तोड़ यानी वैक्सीन दुनिया के पास मौजूद होगी. अब इसे लेकर एक बार फिर एक अच्छी खबर सामने आई है. यूएस और जर्मनी की फार्मा कंपनियां जिस वैक्सीन पर काम कर रही हैं वो ह्यूमन ट्रायल के तीसरे फेज के शुरुआती नतीजों में 90 प्रतिशत से ज्यादा कारगर पाई गई है. कंपनी के मुताबिक वैक्सीन वायरस के संक्रमण से बचाने में 90% से ज्यादा असरदार रही. तो आज इस पॉडकास्ट में इसी वैक्सीन कैंडिडेट के बारे में आप को बताएंगे.

इस वैक्सीन के ह्यूमन ट्रायल में कामयाब होने का क्या मतलब है? ये भारत के लिए कितनी राहत की खबर है और ये वैक्सीन भारत में कब तक उपलब्ध होगी? इन सभी सवालों के जवाब आज आपको इस पॉडकास्ट में मिलेंगे, इसलिए आखिर तक जरूर सुनियेगा.

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