गडकरी ने चीन से आए माल को छुड़वाने के लिए निर्मला-पीयूष को लिखा  

ब्लूमबर्ग क्विंट के कार्यक्रम में केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से खास बातचीत

Updated27 Jun 2020, 04:50 PM IST
वीडियो
2 min read

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने ब्लूमबर्ग क्विंट के कार्यक्रम में द क्विंट के एडिटोरियल डायरेक्टर संजय पुगलिया के साथ बातचीत में इंपोर्ट और एक्सपोर्ट से जुड़ी कई बड़ी बातें कही हैं. चीन के साथ विवाद के बीच पोर्ट पर अटके पड़े, वहां से आए माल को लेकर गडकरी ने कहा कि उन्होंने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल को लेटर लिखकर बताया है कि अटके माल से देश के कारोबारियों को तकलीफ होगी.

‘’विदेशों से जो इंपोर्ट होता है उसे कम करने की कोशिश करनी चाहिए. हालांकि, मैंने निर्मला (सीतारमण) जी और पीयूष (गोयल) जी को एक लेटर लिखा है कि जो भारतीय उद्योगपति हैं, उन्होंने चीन से माल इंपोर्ट किया है, वो माल पोर्ट पर आया है. अब उद्योगपतियों को तकलीफ होगी तो नुकसान चीन का नहीं होगा, अपनी इंडस्ट्री का होगा.’’
नितिन गडकरी, केंद्रीय सड़क, परिवहन और MSME मंत्री

इंपोर्ट कम कैसे किया जाए?

गडकरी ने कहा, ''एक महीना पहले बुक किए गए माल को मिलने में मुश्किल होगी तो नुकसान हमारे लोगों का होगा.'' इंपोर्ट कम कैसे किया जाए, इसे लेकर गडकरी ने कहा, ''अभी आप एक बात करो कि चीन से अगर सामान इंपोर्ट न हो तो ड्यूटी बढ़ाओ उस पर, जैसे अगरबत्ती पर हमने बढ़ाई.''

केंद्रीय मंत्री ने इंपोर्ट पर निर्भरता कम करने के लिए पीपीई किट्स का उदाहरण दिया. उन्होंने कहा कि कुछ समय पहले तक भारत में चीन से स्पेशल हवाई जहाज के जरिए पीपीई किट मंगाई गईं थीं, अब देश में हर रोज 5 लाख पीपीआई किट बनने लगे हैं.

‘’पीपीई किट के लिए एक समय हम इंपोर्ट पर निर्भर रहते थे, अब पीपीई किट हमारा देश भेज रहा है. अब कनाडा में, अमेरिका में, पूरी दुनिया में हमारी पीपीई किट जाने का मौका आया है. हमारा सैनिटाइजर जा रहा है अरब देशों में.’’
नितिन गडकरी, केंद्रीय सड़क, परिवहन और MSME मंत्री

मैं दो किताबें प्रकाशित कर रहा हूं: गडकरी

उन्होंने कहा, ''अगर एमएसएमई को मौका मिलता है, तो इंपोर्ट को कम करना चाहिए और एक्सपोर्ट को बढ़ाना चाहिए. मैं दो किताबें प्रकाशित कर रहा हूं कि देश का एक्सपोर्ट कितना है तीन साल का और इंपोर्ट कितना है.''

गडकरी ने कहा, ''हम निश्चित तौर पर इंपोर्ट को कम करेंगे और एक्सपोर्ट को बढ़ावा देकर अपनी इकनॉमी को मजबूत बनाएंगे.'' उन्होंने कहा कि एक्सपोर्ट बढ़ने से नए रोजगार पैदा होंगे, हमारी जीडीपी ग्रोथ में एडिशन होगा और देश को उसका फायदा होगा.

कोरोनावायरस से जारी जंग के बीच तमाम अपडेट्स और जानकारी के क्लिक कीजिए यहां

(हैलो दोस्तों! हमारे Telegram और WhatsApp चैनल से जुड़े रहिए यहां)

Published: 27 Jun 2020, 04:34 PM IST
क्विंट हिंदी के साथ रहें अपडेट

सब्स्क्राइब कीजिए हमारा डेली न्यूजलेटर और पाइए खबरें आपके इनबॉक्स में

120,000 से अधिक ग्राहक जुड़ें!