बर्ड फ्लू: क्या है ये बीमारी और इससे कैसे बचें?

बर्ड फ्लू: H5N1 वायरस ह्यूमन टू ह्यूमन आसानी से ट्रांसमिट नहीं हो सकता तो इतना पैनिक क्यों? 

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अगर H5N1 वायरस ह्यूमन टू ह्यूमन आसानी से ट्रांसमिट नहीं हो सकता तो इतना पैनिक क्यों?
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रिपोर्ट और साउंड एडिटर: फबेहा सय्यद
सीनियर डेस्क राइटर: वैभव पालिनिटकर
म्यूजिक: बिग बैंग फज

साल 2021 की शुरुआत में कोरोना वायरस वैक्सीन के अप्रूवल की खबर सुनकर राहत मिली और ऐसा लगने लगा कि जैसे-जैसे वैक्सीनेशन का काम होगा दुनिया बैक टू नॉर्मल होगी. लेकिन एक और वायरस के फैलने से फिर से चिंता बढ़ने लगी है, ये वायरस H5N1. इस वायरस से होने वाली बीमारी को एवियन इंफ्ल्यूएंजा कहते हैं, जिसे आम तौर पर बर्ड फ्लू भी कहा जाता है.  इस वायरस से अभी तक उत्तर, पश्चिम और दक्षिण भारत के कई राज्यों में हजारों की तादाद में पक्षियों की मौत हो चुकी है.

डॉक्टर्स इसे एक ऐसा बर्ड फ्लू बता रहे हैं, जिसने अभी तक इंसानो में म्यूटेट करना शुरू नहीं किया है. यानी ह्यूमन टू ह्यूमन कांटेक्ट से इसके फैलने के केसेस नहीं पाए गए हैं. अगर इंसान इस वाइरस से संक्रमित होते है तो बीमारी के सिम्पटम्स गंभीर होते है और इसका इंसानो में डेथ रेट भी करीब 60 % है. तो ऐसे में क्या किया जाए? पोल्ट्री जैसे चिकन अंडे वगैरा खाने बंद कर दें? एक्चुअली नहीं. और ज्यादा पैनिक की भी जरुरत नहीं है, बस कुछ बेसिक एहतियात बरतें.

आज इसी पर तफसील से आपको पॉडकास्ट में बताएंगे, कि ये एवियन वायरस क्या है, परिंदों में कैसे फैलता है, इससे इंसान कैसे इन्फेक्ट हो सकते हैं? इससे होने वाली बीमारी के सिम्पटम्स क्या हैं, और इससे कैसे बचा जाय? तो प्लीज पॉडकास्ट आखिर तक सुनियेगा.

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