पुलिस पर हमले का पुराना वीडियो, अब दिया जा रहा मजहबी रंग

वायरल फोटो में दावा किया गया है कि चेन्नई में कॉन्सटेबल पर मुस्लिमों ने किया हमला

Published
वेबकूफ
2 min read

वीडियो एडिटर: पुनीत भाटिया

एंकर: इशाद्रिता लाहिड़ी

खून से लथपथ पुलिस की वर्दी के साथ घायल शख्स की एक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है. वर्दी पर नाम लिखा है- 'C. Akilan'. इस फोटो के साथ दावा किया जा रहा है कि पुलिस अफसर C. Akilan पर चेन्नई के मरीना बीच पर कुछ मुस्लिम युवकों ने हमला किया.

इनमें से एक दावे में लिखा है और मैं कोट करती हूं, "असिस्टेंट इंसपेक्टर Akhilan, जो Tiruvallikeni इलाके में नशा कर रहे तीन मुस्लिम युवाओं को महिलाओं को गाली देने से रोकने का प्रयास कर रहे थे, उन पर गंभीर रूप से हमला किया गया. सैकड़ों मुस्लिमों ने पुलिस को घेर लिया."

सोशल मीडिया यूजर्स ने आगे कहा कि "चेन्नई छोटा पाकिस्तान बनता जा रहा है."

राजा हिंदुस्तानी नाम के एक ट्विटर यूजर ने इस फोटो को पोस्ट किया, जिसपर, ये वीडियो रिकॉर्ड करते वक्त, 2 हजार से ज्यादा रीट्वीट और 2600 से ज्यादा लाइक्स थे.

हालांकि, टीम वेबकूफ ने जब इस वीडियो की जांच की तो पाया कि ये वीडियो 2017 का है, जिसे अब सांप्रदायिक रंग देकर शेयर किया जा रहा है.

टीम वेबकूफ ने पाया ये वीडियो 2017 का है. कॉन्सटेबल पर हिंदू लोगों ने हमला किया था. नशा किए लोगों से विवाद के बाद कॉन्सटेबल Akhilan परअगस्त 2017 में हुआ हमला

रिवर्स इमेज सर्च करने पर हमें तमिलनाडु पुलिस नाम से फेसबुक पेज का एक पोस्ट मिला. ये पेज खुद को "जागरुकता का unauthorized पेज बताता" है. इस पेज पर ये फोटो ऐसे ही दावे के साथ 21 अगस्त 2017 को पोस्ट की गई थी. पोस्ट में हमलावरों को 'राज्य का दुश्मन' बताया गया था.

एक कीवर्ड सर्च करने पर हमें 22 अगस्त 2017 को पब्लिश हुआ द टाइम्स ऑफ इंडिया का एक आर्टिकल मिला, जिसमें लिखा है कि पुलिस ने मरीना बीच पर कॉन्सटेबल Akhilan के साथ मारपीट करने के आरोप में 23 साल के एक लड़के को गिरफ्तार किया.

जब कॉन्सटेबल ने शराब का सेवन कर रहे दो लोगों को वहां से जाने के लिए कहा, तो दोनों पक्षों में बहस हो गई. कॉन्सटेबल पर किसी नुकीली चीज से भी हमला किया गया था.

पुलिस ने किया कंफर्म, हिंदू थे हमलावर

हमने Mylapore ACP, नेल्सन से भी बात की, जिनके अंडर मरीना पुलिस स्टेशन आता है. उन्होंने ये कंफर्म करते हुए कहा कि हमलावरों की पहचान दिनेश कुमार और हरिराम के रूप में हुई थी. उन्होंने ये भी कहा कि पुलिस ने सोशल मीडिया पर शेयर हो रही फर्जी खबरों का संज्ञान लिया है.

ACP नेल्सन ने कहा-

कॉन्सटेबल Akhilan अभी भी हमारे साथ काम कर रहे हैं. जिन लोगों ने उन पर हमला किया था, वो असल में हिंदू थे, न कि मुस्लिम. उन्हें हत्या के प्रयास के आरोप में गिरफ्तार किया गया था. मामले की सुनवाई चल रही है

पुरानी घटना को दिया जा रहा सांप्रदायिक रंग

इससे साफ होता है कि 2017 की घटना को सांप्रदायिक रंग देकर फैलाया जा रहा है. अगर आपके पास भी ऐसी कोई फोटो, वीडियो या जानकारी है, जिसे आप वेरिफाई कराना चाहते हैं, तो हमें 9646351818 नंबर पर WhatsApp करें या webqoof@thequint.com पर ईमेल भेजें. तब तक के लिए, क्विंट हिंदी को लाइक, शेयर और सब्सक्राइब कीजिए

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