Twitter ही नहीं, संसदीय समिति के सामने गूगल, FB की भी पेशी मुमकिन
IT पर संसदीय समिति ट्विटर, फेसबुक और गूगल के अधिकारियों की चाहती है पेशी
IT पर संसदीय समिति ट्विटर, फेसबुक और गूगल के अधिकारियों की चाहती है पेशी(फोटो: Aroop Mishra/The Quint)

Twitter ही नहीं, संसदीय समिति के सामने गूगल, FB की भी पेशी मुमकिन

आईटी पर संसदीय समिति न सिर्फ ट्विटर के CEO जैक डोर्सी, बल्कि फेसबुक और गूगल के अधिकारियों की भी पेशी चाहती है. ये कहना है समिति के एक वरिष्ठ सदस्य का.

11 फरवरी को समिति की हुई बैठक में सम्मिलित सदस्य ने क्विंट को बताया कि चुनावी माहौल में सिर्फ ट्विटर पर ध्यान केन्द्रित करना उन्हें उचित नहीं लगा. 31 सदस्यीय समिति के कई सदस्यों का कहना था कि भारत में कार्यरत सभी प्रमुख कम्पनियों की पेशी होनी चाहिए.

31 सदस्यों की समिति में 21 सदस्य लोकसभा के और 10 सदस्य राज्यसभा के हैं. इस वक्त समिति के सदस्यों में अनुराग ठाकुर और लालकृष्ण आडवाणी समेत बीजेपी के 13 सांसद और कांग्रेस के 5 सांसद शामिल हैं.

अप्रैल में लोकसभा चुनाव होने वाले हैं. उधर, सोशल मीडिया और मैसेजिंक ऐप पर गलत सूचनाओं के प्रसार, अभिव्यक्ति और राजनीतिक स्वतंत्रता के नागरिक अधिकारों के हनन के लगातार आरोप लगते रहे हैं. इसे देखते हुए पेशी महत्त्वपूर्ण है.

सोमवार को हुई बैठक में मेरे अलावा समिति के कई सदस्यों ने समिति अध्यक्ष अनुराग ठाकुर को सलाह दी कि न सिर्फ ट्विटर को, बल्कि फेसबुक और गूगल समेत अन्य प्रमुख कम्पनियों को भी आगामी चुनाव से पहले अपनी नीतियां स्पष्ट करने के लिए तलब किया जाए.
सदस्य, आईटी पर संसदीय समिति

11 फरवरी को हुई बैठक में समिति के अध्यक्ष अनुराग ठाकुर ने ट्विटर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के समिति के सामने पेश न होने पर नाखुशी जताई थी. उसी दौरान उन्हें ये सलाह दी गई.

ट्विटर के मुख्य कार्यकारी अध्यक्ष जैक डोर्सी को संसदीय समिति ने 11 फरवरी को पेश होने के लिए समन भेजा था.

'सिर्फ CEO या अन्य वरिष्ठ अधिकारी पेश हों'

समिति के सदस्य ने बताया कि नीतियों का ब्योरा देने के लिए समिति सिर्फ CEO या विशेष कारणों से उसकी गैरमौजूदगी में किसी जिम्मेदार वरिष्ठ अधिकारी की उपस्थिति चाहती थी. अब समिति ने डोर्सी को 25 फरवरी को पेश होने के लिए कहा है.

उन्होंने क्विंट को बताया, “हम CEO से मिलना चाहते थे. हम वैसे अधिकारी से भी मिल सकते थे, जो हमारे सवालों का जवाब देने में सक्षम हो.” हालांकि ट्विटर ने अभी तक स्पष्ट नहीं किया है कि अगली तारीख पर डोर्सी समिति के सामने पेश होंगे या नहीं.

समिति के सदस्य ने ये भी स्पष्ट नहीं किया कि क्या समिति ने फेसबुक के CEO मार्क जकरबर्ग और गूगल के CEO सुन्दर पिचाई को तलब किया है? हालांकि उन्होंने ये जरूर बताया कि समिति सिर्फ CEO स्तर के अधिकारी से मिलने की इच्छुक है.

अगर उन अधिकारियों को तलब किया जाता है, तो काफी संभावना है कि उन्हें भी उसी हफ्ते बुलाया जाएगा, जिस हफ्ते डोर्सी को बुलाया गया है.

समिति के सदस्य ने क्विंट को बताया, “मैंने बैठक में अनुराग ठाकुर को सलाह दी कि उन्हें कम से कम दो हफ्ते का समय दिया जाना चाहिए और 25 तारीख के आसपास बुलाया जाना चाहिए. वो जानना चाहते हैं कि विशेषकर आगामी चुनाव के लिए उनकी क्या योजनाएं हैं.”

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